दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास हुए बड़े धमाके ने पूरे देश को हिला दिया है. भूटान दौरे पर मौजूद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने घटना पर गहरा दुख जताया और साफ कहा कि इस पूरे केस की जांच तेज की गई है. PM ने कहा मैं पूरी रात एजेंसियों के संपर्क में रहा. जो भी इसके पीछे है, उसे किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा. पूरा देश पीड़ित परिवारों के साथ खड़ा है. केंद्र ने सभी जांच एजेंसियों को मिलकर कार्रवाई करने और हर कड़ी को ट्रैक करने के निर्देश दिए हैं.
धमाके में 12 की मौत, 20 घायल
सोमवार शाम 6:52 बजे लाल किला मेट्रो स्टेशन के गेट नंबर-1 के बाहर एक चलती i20 कार अचानक तेज धमाके में घिर गई। इस हादसे में अब तक 12 लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें दो महिलाएं शामिल हैं. करीब 20 लोग अस्पताल में भर्ती हैं और उनकी हालत पर लगातार नजर रखी जा रही है. दो शवों की पहचान की जा चुकी है, बाकी की पहचान के लिए DNA टेस्ट चल रहा है. धमाका इतना तेज था कि आसपास की कई गाड़ियों के शीशे चटक गए और इलाके में अफरा-तफरी मच गई.
Speaking in Thimphu, Bhutan. Watch. https://t.co/nLu0f5q5WY
— Narendra Modi (@narendramodi) November 11, 2025
CCTV में दिखा ‘काला मास्क मैन’
घटना के तुरंत बाद सामने आए CCTV फुटेज ने जांच को नए मोड़ पर ला दिया. फुटेज में सफेद i20 कार मेट्रो पार्किंग से निकलती दिखी, जिसमें काले मास्क में एक शख्स बैठा था. पुलिस का शक है कि यह व्यक्ति पुलवामा का रहने वाला डॉ. मोहम्मद उमर नबी है, जो कथित तौर पर फरीदाबाद मॉड्यूल से जुड़ा था. माना जा रहा है कि घटनास्थल पर कार में वही मौजूद था और धमाके में उसका भी प्रभावित होना संभव है. पुष्टि के लिए उसकी मां और दो भाई से DNA सैंपल लिए गए हैं. पुलिस के मुताबिक उमर घटना से पहले करीब ढाई–तीन घंटे तक कार के अंदर ही बैठा रहा और एक बार भी बाहर नहीं निकला.
लाल किला सील, कई गेट बंद
धमाके के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने ताबड़तोड़ कार्रवाई शुरू की. मेट्रो स्टेशन के दो गेट बंद कर दिए गए और लाल किले को 13 नवंबर तक आम जनता के लिए बंद कर दिया गया है. जांच टीमें लगातार उस रूट को ट्रैक कर रही हैं, जिससे कार बदरपुर बॉर्डर से दिल्ली में दाखिल हुई और फिर सुनहरी मस्जिद पार्किंग में तीन घंटे खड़ी रही. दिल्ली पुलिस ने इस मामले में UAPA के तहत FIR दर्ज की है. मौके से RDX जैसे उच्च श्रेणी के विस्फोटक के निशान नहीं मिले हैं, इसलिए विशेषज्ञ इस बात की जांच कर रहे हैं कि धमाका किस तरीके से किया गया.